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Tuesday, December 6, 2022
मध्यप्रदेश

राज्य शिक्षा केंद्र में समाप्त नहीं हो रही प्रतिनियुक्ति पृथा

Visfot News

वर्षों से जमे कर्मचारियों को हटाने के प्रयास हर बार हो रहे नाकाम
भोपाल। राज्य शिक्षा केंद्र प्रतिनियुक्ति की पृथा समाप्त होने का नाम नहीं ले रही है। सालों से जमे कर्मचारियों को हटाने के प्रयास हर बार नाकाम हो जाते हैं। आदेश ‎निकाले जाते है ले‎किन इसका पालन नहीं होता है। अभी हाल में राज्य शिक्षा केंद्र के संचालक धनराजू एस ने बीआरसीसी, जनशिक्षक के पदों पर नियमानुसार नियुक्ति करने के लिए जिला कलेक्टरों को पत्र लिखकर दस जुलाई तक कार्रवाई करने के लिए कहा था, लेकिन जिला शिक्षा केंद्रों में ही इन आदेशों का पालन नहीं हो रहा है। दरअसल, भोपाल के जिला शिक्षा केंद्र में अधिकांश पदों पर काम करने वाले कर्मचारी नियम विरुद्ध जमे हुए है। जिला शिक्षा केंद्र में सभी पद प्रतिनियुक्ति से भरे जाते हैं। प्रतिनियुक्ति न्यूनतम दो साल व अधिकतम चार साल तक दी जा सकती है, लेकिन यहां दस-दस सालों से कर्मचारी एक ही पद पर जमे हुए हैं। राजधानी के जिला शिक्षा केंद्र में चार बीआरसीसी के पद पर प्रभारी काम कर रहे हैं। जनशिक्षक के पद पर माध्यमिक शिक्षक व उच्च श्रेणी शिक्षक की पात्रता है, लेकिन जिले में प्राथमिक शिक्षकों को ही जनशिक्षक बना दिया है। वहीं जनशिक्षक भी प्रभारी बनाए गए हैं। जिला शिक्षा केंद्र में ही अनियमितताओं का अंबार है। यहां कुछ कर्मचारी प्रतिनियुक्ति पर आए और उनका विभाग भी बंद हो गया, लेकिन सालों से ये कर्मचारी एक ही पद पर जमे हुए हैं। जिला शिक्षा केंद्र में निगम मंडल बंद हो चुका है, लेकिन अधिकारी वित्त का काम देख रहे हैं। इसके अलावा दूसरे विभागों से जिला शिक्षा केंद्र में आए अन्य कर्मचारी भी सालों से जमे हैं। जिला शिक्षा केंद्र में चल रही अनियमितताओं की शिकायत जिला पंचायत सीईओ विकास मिश्रा के पास पहुंची थी। उन्होंने जिला शिक्षा केंद्र में सालों से जमे कर्मचारियों को हटाने का प्रस्ताव भी तैयार करवाया, लेकिन बाद में मामले को ठंडे बस्ते में डाल दिया गया। राज्य शिक्षा केंद्र में अनियमितता की शिकायत पर भी कार्रवाई नहीं की जाती है। ऐसा ही एक ताजा मामला प्रकाश में आया है। राज्य शिक्षा केंद्र के आदेशानुसार जन-शिक्षा केंद्र का बैंक खाता जन-शिक्षा केंद्र पर पदस्थ प्रभारी एवं जनशिक्षक के संयुक्त हस्ताक्षर से संचालित होता है। जन-शिक्षा केंद्र निशातपुरा में दिसंबर 2019 से कल्पना तिवारी एवं उपेंद्र कौशल जनशिक्षक के पद पर पदस्थ है, जबकि कैलाश धौलकर को मार्च 2020 में जनशिक्षक पद से डीपीसी कार्यालय के लिए कार्यमुक्त कर दिया गया है। जनशिक्षक के पद के लिए अर्हता/योग्यता नहीं रखने के बाद भी धौलकर अधिकारियों की कृपादृष्टि से जनशिक्षा केंद्र बैरागढ़ में कार्य कर रहे हैं। अन्य जनशिक्षा केंद्र में कार्य करने के बाद भी जनशिक्षा केंद्र निशातपुरा का वित्तीय प्रभार अपने पास रखे हुए हैं, जोकि विभाग के नियमों के विरुद्ध है। मामले की शिकायत करने के बावजूद भी आज तक कोई कार्रवाई नहीं हो पाई है।

RAM KUMAR KUSHWAHA
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